30 May 2026, Sat

July 17, 2025

मानवजाति में अगर मानवीय संवेदना नही ,मनुष्य में मनुष्यता का आचरण नही तो जीवन व्यर्थ है: एस. के.‘रूप’

बैकुंठपुर/ दूसरों की भावनाओं को समझना, सहानुभूति का आचरण करना, दूसरों के दर्द और पीड़ा...