बैकुण्ठपुर/ जिला मुख्यालय बैकुंठपुर स्थित तेरापंथ भवन में लोकमाता अहिल्याबाई होलकर की जीवन यात्रा पर आधारित जिला स्तरीय दो दिवसीय चित्र प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। पुण्यश्लोक लोकमाता अहिल्याबाई होलकर की 300वीं जयंती के अवसर पर आयोजित इस प्रदर्शनी का उद्घाटन आज सुबह 11 बजे जिले के प्रभारी मंत्री रामविचार नेताम और विधायक भैयालाल राजवाड़े द्वारा फीता काटकर किया गया।
अतिथियों ने दीप प्रज्वलन और पुष्प अर्पित कर लोकमाता को श्रद्धांजलि अर्पित की। यह चित्र प्रदर्शनी अहिल्याबाई होलकर के संघर्षमय जीवन, उनके द्वारा किए गए नारी सशक्तिकरण, धार्मिक स्थलों के जीर्णोद्धार तथा जनकल्याण के कार्यों को दर्शाती है। इस आयोजन का उद्देश्य महापुरुषों की जीवनी के माध्यम से सामाजिक जागरूकता फैलाना है। देशभर में लोकमाता की 300वीं जयंती पर विविध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
प्रदर्शनी के पहले दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ प्रोजेक्टर के माध्यम से एक वृत्तचित्र भी प्रस्तुत किया गया। इस अवसर पर मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि देवी अहिल्याबाई ने समाज सुधारक के रूप में इतिहास पर अमिट छाप छोड़ी है। उन्होंने महिला सशक्तिकरण, न्याय व्यवस्था और धार्मिक धरोहरों के पुनर्निर्माण हेतु उल्लेखनीय योगदान दिया, जिसमें काशी विश्वनाथ मंदिर का पुनर्निर्माण भी शामिल है।
विधायक भैयालाल राजवाड़े ने उन्हें इतिहास की प्रमुख महिला शासकों में एक बताया। भाजपा जिलाध्यक्ष देवेंद्र तिवारी ने कहा कि राजमाता से लोकमाता बनने का उनका सफर उन्हें अन्य समकालीन शासकों से अलग बनाता है।
कार्यक्रम में पूर्व जिलाध्यक्ष कृष्णबिहारी जायसवाल, जिला उपाध्यक्ष शैलेष शिवहरे, जिला महामंत्री पंकज गुप्ता, जिला पंचायत अध्यक्ष मोहित पैकरा, उपाध्यक्ष वंदना राजवाड़े, नगर पालिका अध्यक्ष नविता शिवहरे सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। आगंतुकों ने विजिटर बुक में अपने विचार भी दर्ज किए।
यह प्रदर्शनी 22 मई को शाम 7 बजे समापन के साथ संपन्न होगी।
